Kangra Shimla Fourlane : दो पैकेज का काम लगभग पूरा, कोहली-भगेड़ के 36 किमी हिस्से पर अभी इंतजार

Posted by

हिमाचल की लाइफ लाइन कहे जाने वाले Kangra Shimla Fourlane के दो पैकेज का काम लगभग पूरा हो चुका है। वहीं हमीरपुर के कोहली से आगे बिलासपुर जिले के भगेड़ तक करीब 36 किलोमीटर लंबे फोरलेन का निर्माण कार्य अभी जमीन पर शुरू नहीं हुआ है। हालांकि, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) इस हिस्से की कागजी प्रक्रिया पूरी करने में जुटा हुआ है।

Kangra Shimla Fourlane

जानकारी के अनुसार कोहली से भगेड़ तक बनने वाले 36 किलोमीटर हाईवे की प्रस्तावित अलाइनमेंट को मंजूरी के लिए NHAI की दिल्ली स्थित उच्च स्तरीय अथॉरिटी के पास भेजा गया है। अलाइनमेंट को मंजूरी मिलने के बाद थ्री-डी सर्वे कराया जाएगा और इसके पश्चात भू-अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू होगी।

माना जा रहा है कि कोहली से भगेड़ तक नया फोरलेन बनने के बाद इस मार्ग की दूरी करीब 7 से 8 किलोमीटर तक कम हो सकती है।

हमीरपुर-कांगड़ा हाईवे लगभग तैयार Kangra Shimla Fourlane

हमीरपुर से कांगड़ा तक करीब 62 किलोमीटर लंबा हाईवे लगभग तैयार हो चुका है। हमीरपुर के चीलबाहल से कांगड़ा तक फोरलेन का अधिकांश हिस्सा वाहनों की आवाजाही के लिए खोल दिया गया है। हालांकि, कांगड़ा में टनल के पास अभी कुछ काम शेष है।

वहीं हमीरपुर में चीलबाहल से आगे कोहली तक करीब 17 किलोमीटर हिस्से में वाहनों की आवाजाही फिलहाल पूरी तरह बंद है। यहां एक बड़े पुल का निर्माण कार्य चल रहा है। दूसरी ओर कांगड़ा से कोहली तक फोरलेन का काम लगभग पूरा हो चुका है।

भगेड़ से नौणीचौक तक फोरलेन चालू Kangra Shimla Fourlane

कोहली से आगे बिलासपुर के भगेड़ तक प्रस्तावित 36 किलोमीटर फोरलेन पर अभी निर्माण शुरू नहीं हुआ है। इसके विपरीत भगेड़ से नौणीचौक तक करीब 15 किलोमीटर फोरलेन का काम पूरा हो चुका है और यह हिस्सा वाहनों के लिए खुला है। यह मार्ग कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन परियोजना का हिस्सा है।

नौणीचौक से भराड़ीघाट तक करीब साढ़े 17 किलोमीटर लंबे फोरलेन का निर्माण कार्य भी तेजी से चल रहा है।

फाइनल अलाइनमेंट का इंतजार, लोगों में असमंजस Kangra Shimla Fourlane

कोहली से भगेड़ तक बनने वाले 36 किलोमीटर हाईवे का फाइनल सर्वे और अलाइनमेंट अभी स्पष्ट नहीं होने के कारण स्थानीय लोगों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। निर्माण कार्य से जुड़े लोगों के सामने भी स्थिति स्पष्ट नहीं है।

बताया जा रहा है कि निर्माण एजेंसियां इस आशंका के कारण काम शुरू करने से बच रही हैं कि कहीं जिस स्थान पर अभी काम शुरू किया जाए, बाद में फोरलेन की अंतिम अलाइनमेंट उसी क्षेत्र से निर्धारित न हो जाए। ऐसे में NHAI की ओर से अलाइनमेंट को मंजूरी और उसके बाद होने वाला थ्री-डी सर्वे इस पूरे हिस्से के निर्माण की दिशा तय करेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *